संविधान सम्मत लोकतांत्रिक मूल्यों के संवाहक
राष्ट्रीय भागीदारी पार्टी (RBP) भारत के 140 करोड़ नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों, समता, स्वतंत्रता और सामाजिक न्याय की पक्षधर एक सशक्त राष्ट्रीय राजनीतिक धारा है।
हमारा अटूट विश्वास है कि किसी भी सच्चे लोकतंत्र की सार्थकता इस बात में है कि समाज के सबसे अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को देश के नीति निर्माण, प्रशासनिक तंत्र और राष्ट्रीय संपदा में न्यायोचित भागीदारी प्राप्त हो।
हम केवल सत्ता की राजनीति नहीं करते, बल्कि बाबासाहेब डॉ. बी.आर. आंबेडकर द्वारा प्रदत्त संविधान की रक्षा और जन-जन में संवैधानिक चेतना के विस्तार को अपना सर्वोपरि कर्तव्य मानते हैं।
"राष्ट्रीय भागीदारी पार्टी का यह संविधान हाशिये पर धकेल दी गयी, इसी समाज को समर्पित हैं।"
— इं० श्रीकान्त गुप्त 'साहू', सदस्य-केन्द्रीय अध्यक्ष मण्डल सह केन्द्रीय संयोजक
महात्मा ज्योतिबाराव फूले
सत्यशोधक समाज एवं सामाजिक क्रांति के अग्रदूत
भारत रत्न जननायक कर्पूरी ठाकुर
आरक्षण एवं शोषित उत्थान के अग्रदूत
पार्टी संविधान में प्रतिष्ठापित महापुरुष
राष्ट्रीय भागीदारी पार्टी के संविधान पर अंकित हमारे 21 अमर महापुरुष, समाज सुधारक एवं बलिदानी योद्धा, जिनके आदर्शों पर हमारा कारवां आगे बढ़ रहा है।
हमारे 4 मुख्य वैचारिक स्तंभ
पार्टी संविधान की धारा 1(क) एवं 1(ख) के अनुसार समता, समाजवाद व लोकतंत्र की आधारशिला।
संवैधानिक निष्ठा व समाजवाद
भारत के संविधान के प्रति सच्ची श्रद्धा, समाजवाद, पंथ-निरपेक्षता और लोकतंत्र के सिद्धांतों के प्रति अटूट प्रतिबद्धता।
समानुपातिक सामाजिक भागीदारी
प्रदेश व देश के अति पिछड़े, अति दलित, अल्पसंख्यक व SC/ST समाज को जनसंख्या के अनुपात में शासन व निर्णय में भागीदारी।
शोषण-मुक्त व समतामूलक समाज
जाति, धर्म या वर्ग के आधार पर शोषण का अंत कर समाज के हर शोषित व वंचित वर्ग को बराबरी का हक।
अहिंसा एवं लोकतांत्रिक विकेंद्रीकरण
शांतिपूर्ण व अहिंसात्मक जन-आंदोलन, ग्राम पंचायत स्तर तक सत्ता का विकेंद्रीकरण और समयबद्ध चुनाव।
लोकतांत्रिक एवं पारदर्शी सांगठनिक ढांचा
ग्राम पंचायत से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक विकेंद्रीकृत 5-स्तरीय लोकतांत्रिक व्यवस्था।
केन्द्रीय अध्यक्ष मण्डल
पार्टी की सर्वोच्च नीति नियामक संस्था। इसमें अति पिछड़े, अति दलित, पिछड़े अल्पसंख्यक, SC/ST एवं महिलाओं का आनुपातिक प्रतिनिधित्व (एक समाज से अधिकतम 1 सदस्य)।
प्रांतीय अध्यक्ष मण्डल
प्रत्येक राज्य एवं केंद्र शासित प्रदेश में नीति क्रियान्वयन व संगठन संचालन हेतु सर्वोच्च प्रांतीय संस्था।
जिला कार्यकारिणी
जिलाध्यक्ष, जिला महासचिव, कोषाध्यक्ष आदि के नेतृत्व में जनपद के समस्त विकास खंडों का समन्वय।
ब्लॉक स्तरीय इकाई
ब्लॉक अध्यक्ष व कार्यकारिणी द्वारा ग्राम पंचायतों में संगठन विस्तार व जनसमस्याओं का समाधान।
ग्राम पंचायत कार्यकारिणी
प्रत्येक ग्राम पंचायत स्तर पर सक्रिय एवं साधारण सदस्यों द्वारा लोकतांत्रिक तरीके से गठित जमीनी इकाई।
पार्टी सदस्यता व्यवस्था एवं श्रेणियां
18 वर्ष या उससे अधिक आयु का कोई भी भारतीय नागरिक पार्टी का सदस्य बन सकता है।
संस्थापक सदस्य (Founder Member)
पार्टी की नीतियों में विश्वास रखने वाले वयस्क नागरिक। केन्द्रीय व प्रांतीय अध्यक्ष मण्डल की बैठकों को छोड़कर अन्य स्तरों पर विशेष आमंत्रित सदस्य।
आवेदन करेंसक्रिय सदस्य (Active Member)
पार्टी के कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी, ₹10/- के 50 साधारण सदस्य बनाने वाले कार्यकर्ता, जिन्हें पार्टी के सभी पदों पर चुनाव लड़ने का अधिकार।
आवेदन करेंसाधारण सदस्य (Primary Member)
18 वर्ष या उससे अधिक आयु का कोई भी भारतीय नागरिक जो संविधान व पार्टी के सिद्धांतों में निष्ठा रखता हो।
आवेदन करेंपार्टी की विकास यात्रा (Milestones)
राष्ट्रीय भागीदारी पार्टी का गठन एवं संविधान निर्माण (08/01/2020)
प्रदेश में 50%+ अति पिछड़ों, अति दलितों एवं पसमांदा समाज को संवैधानिक हक व केन्द्रीय अध्यक्ष मण्डल के माध्यम से संपूर्ण भागीदारी दिलाने हेतु पार्टी संविधान का निर्माण।
प्रांतीय एवं जोनल संगठन का विस्तार
उत्तर प्रदेश, बिहार सहित विभिन्न राज्यों में जिला एवं ब्लॉक स्तर तक केन्द्रीय अध्यक्ष मण्डल के मार्गदर्शन में मजबूत सांगठनिक ढांचा।
राष्ट्रव्यापी संविधान एवं जन-भागीदारी अभियान
संवैधानिक अधिकारों, सामाजिक न्याय, जातिगत जनगणना और किसान-मजदूर स्वाभिमान के लिए व्यापक जन-आंदोलन।
डिजिटल भागीदारी एवं जन-क्रांति
डिजिटल तकनीक के माध्यम से हर गांव व कस्बे से नागरिकों को नीतिगत चर्चाओं में सीधे जोड़ने का संकल्प।